रायपुर (28 अगस्त 2026): मुख्यमंत्री निवास में रक्षाबंधन का पावन पर्व उत्साह, आत्मीयता और उल्लास के वातावरण में मनाया गया। प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से पहुंचीं माताओं-बहनों, स्व-सहायता समूहों की दीदियों, लखपति दीदियों, ड्रोन व ई-रिक्शा चालकों और दिव्यांग बहनों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की कलाई पर राखी बांधी। मुख्यमंत्री ने सभी बहनों का स्वागत करते हुए कहा कि बहनों का सम्मान, सुरक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
स्वर्गीय कर्नल अशोक दुबे की पत्नी ने बांधी राखी
कार्यक्रम का सबसे भावुक क्षण तब देखने को मिला जब सेना में छत्तीसगढ़ के पहले जवान स्वर्गीय कर्नल अशोक कुमार दुबे की धर्मपत्नी श्रीमती सरला दुबे ने मुख्यमंत्री को राखी बांधी। मुख्यमंत्री ने इसे अपने लिए अत्यंत गौरवपूर्ण क्षण बताया। कार्यक्रम में पद्मश्री डॉ. उषा बारले, राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष श्रीमती ममता साहू, छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष सुश्री मोना सेन, ब्रह्माकुमारी संस्थान की दीदियों सहित विभिन्न क्षेत्रों की प्रमुख महिलाओं ने शिरकत की।
महतारी वंदन योजना और लखपति दीदी से नई पहचान
मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रदेश में चल रही महिला कल्याणकारी योजनाओं के आंकड़े साझा करते हुए कहा:
- महतारी वंदन योजना: लगभग 68 लाख महिलाओं को हर महीने ₹1,000 की आर्थिक मदद दी जा रही है। रक्षाबंधन के उपलक्ष्य में 25 अगस्त को ही 31वीं किस्त के तहत ₹631 करोड़ सीधे खातों में ट्रांसफर किए गए।
- लखपति दीदी अभियान: प्रदेश को 8 लाख का लक्ष्य मिला था, जिसके मुकाबले पिछले दो वर्षों में 13.85 लाख महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाकर लक्ष्य से आगे का मुकाम हासिल किया गया है।
- ड्रोन व ई-रिक्शा दीदी: आधुनिक तकनीक से जुड़कर ड्रोन दीदियां प्रतिदिन 6 से 7 हजार रुपये तक कमा रही हैं। वहीं नया रायपुर में 92 और जशपुर के बगिया में 50 बहनों को ई-रिक्शा देकर आत्मनिर्भर बनाया गया है।
- रजिस्ट्री शुल्क में छूट: महिलाओं के नाम जमीन की रजिस्ट्री पर 50% छूट दी जा रही है, जिसके तहत पिछले ढाई वर्षों में करीब 30 हजार रजिस्ट्रियां हुईं।
नई औद्योगिक नीति में महिला उद्यमियों को विशेष प्रोत्साहन
सीएम ने कहा कि सरकार महिलाओं को केवल आजीविका तक सीमित न रखकर उन्हें सफल उद्यमी बनाना चाहती है। इसके लिए प्रदेश की नई औद्योगिक विकास नीति में महिला उद्यमियों को विशेष रियायतें दी गई हैं। राज्य को अब तक लगभग 8.50 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं।
सीएम ने रायपुर में आयोजित ‘स्नेह की डोर’ कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि सुरक्षा बलों के लगभग 1600 जवानों को राखी बांधकर बहनों ने राष्ट्रभक्ति का अनुपम उदाहरण पेश किया है। उन्होंने दोहराया कि विकसित भारत और समृद्ध छत्तीसगढ़ का निर्माण मातृशक्ति की सक्रिय भागीदारी के बिना संभव नहीं है।
