जशपुर:
छत्तीसगढ़ में ग्रामीण और दूरस्थ अंचलों तक बुनियादी ढांचे के विस्तार को गति देते हुए विष्णुदेव साय सरकार ने जशपुर जिले के लिए एक बड़ी सौगात दी है। जिले के सड़क नेटवर्क को मजबूत और आधुनिक बनाने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के तहत दो अत्यंत महत्वपूर्ण मार्गों के सुदृढ़ीकरण एवं उन्नयन हेतु 12 करोड़ 63 लाख रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है।
इस निर्णय से जशपुर के ग्रामीण इलाकों में वर्षों से आवागमन की चुनौतियों का सामना कर रहे नागरिकों, किसानों, विद्यार्थियों और व्यापारियों को निर्बाध व सुरक्षित सड़क संपर्क की सुविधा मिलेगी।
स्वीकृत मार्गों का विवरण
राज्य शासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार स्वीकृत राशि से दो प्रमुख जीवन-रेखा मार्गों का कायाकल्प किया जाएगा:
- शिवपुर से पत्थलगांव मार्ग: 9 किलोमीटर लंबे इस खंड के मजबूतीकरण के लिए ₹5.01 करोड़ की राशि मंजूर की गई है। पत्थलगांव क्षेत्र के प्रमुख व्यापारिक केंद्र होने के कारण इस मार्ग के सुधरने से स्थानीय व्यापार को सीधा लाभ मिलेगा।
- दुलदुला से चटकपुर-लोटापानी मार्ग (कुनकुरी): 18.6 किलोमीटर लंबे इस मार्ग के उन्नयन हेतु ₹7.62 करोड़ स्वीकृत किए गए हैं। यह मार्ग दुर्गम ग्रामीण बस्तियों को मुख्य विकास धारा से जोड़ेगा।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था और सेवाओं को मिलेगा संबल
सड़क निर्माण और मजबूतीकरण के इस कदम से क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक परिदृश्य में बड़ा बदलाव आने की उम्मीद है:
- कृषि उत्पादों की आसान पहुंच: स्थानीय किसानों को अपनी फसल व कृषि उपज नजदीकी मंडियों और बाजारों तक समय पर पहुंचाने में सुविधा होगी।
- शिक्षा एवं स्वास्थ्य तक सीधी पहुंच: सुगम सड़क संपर्क होने से विद्यार्थियों का स्कूल-कॉलेज पहुंचना आसान होगा और आपातकालीन स्थिति में मरीजों को समय पर कुनकुरी, पत्थलगांव या जिला अस्पताल पहुंचाया जा सकेगा।
- समय और ईंधन की बचत: गड्ढामुक्त और मजबूत सड़कों से यात्रा समय में भारी कमी आएगी तथा वाहनों के रख-रखाव का खर्च घटेगा।
क्षेत्रवासियों ने मुख्यमंत्री का जताया आभार
सड़कों के उन्नयन की स्वीकृति मिलने पर जशपुर, कुनकुरी और पत्थलगांव क्षेत्र के ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का आभार व्यक्त किया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि सुदृढ़ सड़क संपर्क किसी भी क्षेत्र के समग्र विकास की प्राथमिक शर्त है। इस सौगात से न केवल यात्रा सुगम होगी, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी।
